Sunday, October 19, 2008

सितम

मिट गया दिल ज़ुल्म--उल्फत के सितम सह सह के जब,
पास आए मेरे वो और कफ़न दे के चल दिए

1 comment:

  1. tumhara sher padh kar dil se sirf ek hi aawaaz aati hai

    Subhaan Allah.......

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